नई दिल्ली: मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ विपक्ष के 20 दलों ने एकमत होकर सड़क पर उतरने का ऐलान किया है. बुधवार को नई दिल्ली में आयोजित इंडिया ब्लॉक की बैठक के बाद कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा कि चुनाव आयोग वोटों की गड़बड़ी में शामिल है. ज्ञानेश कुमार कठपुतली बने हुए हैं. इसके खिलाफ हम 2 से 8 अक्टूबर तक हम अभियान चलाएंगे. 6 तरीख को चुनाव आयोग तक मार्च करेंगे. विपक्षी नेता राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से भी मिलेंगे और अपनी बात रखेंगे.
इंडिया गठबंधन की आज हुई बैठक में निर्णय लिया गया है कि चुनाव आयोग के खिलाफ देशभर में 2 अक्टूबर से अभियान छेड़ा जाएगा. इस दौरान कई रैलियां निकाली जाएंगी और राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से भी मिलने का समय मांगा जाएगा, ताकि उन तक भी विपक्षी नेताओं की बात पहुंचाई जा सके. कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने इंडिया गठबंधन की बैठक के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस कर बताया कि बैठक में 20 पार्टियों ने हिस्सा लिया और सभी ने अपने विचार रखे. उद्धव ठाकरे और हेमंत सोरेन ने ऑनलाइन जुड़कर अपनी बात रखी. चर्चा लगभग साढ़े तीन घंटे तक चली. इस बैठक में सभी ने मिलकर निर्णय लिया है कि मजबूती के साथ मिलकर आगे लड़ेंगे.
6 तरीख को चुनाव आयोग तक मार्च
मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा कि हम लोकतंत्र और युवाओं के लिए लड़ाई लड़ रहे हैं. मल्लिकार्जुन खरगे ने बताया कि ज्ञानेश कुमार इस समय मोदी सरकार की कठपुतली बने हुए हैं. इसलिए हम देशभर में उनके खिलाफ अभियान चलाएंगे. चुनाव आयोग वोटों की गड़बड़ी में शामिल है. ज्ञानेश कुमार कठपुतली बने हुए हैं. इसके खिलाफ हम 2 से 8 अक्टूबर तक हम अभियान चलाएंगे. 6 तरीख को चुनाव आयोग तक मार्च करेंगे. विपक्षी नेता राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से भी मिलेंगे और अपनी बात रखेंगे. खरगे ने बताया कि हम देशभर में 5 बड़ी रैलियां करेंगे. ये रैलियां अक्टूबर और नंवबर के महीने में होंगी. इनका समय और स्थान हम जल्द बताएंगे. जिला स्तर पर भी लोकतंत्र बचाओ अभियान चलाएंगे.
ज्ञानेश कुमार बने कठपुतली
इंडिया गठबंधन की बैठक के बाद कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा, “असल में, चुनाव आयोग के दो-तीन लोग सिर्फ मोहरे हैं, जबकि अमित शाह और मोदी उन्हें कठपुतली की तरह नचा रहे हैं. सभी पार्टियों ने मिलकर यह लड़ाई लड़ने की बात कही है. इंडिया गठबंधन के सदस्य 2 अक्टूबर से 8 अक्टूबर तक डीएम दफ्तरों के सामने विरोध प्रदर्शन करेंगे और 6 अक्टूबर को विपक्ष के सभी सांसद चुनाव आयोग तक मार्च करेंगे. विपक्ष के नेता अक्टूबर के दूसरे हफ्ते में राष्ट्रपति से मिलने का समय मांगेंगे ताकि उन्हें बता सकें कि किस तरह संस्थाओं पर कब्ज़ा किया जा रहा है.
खरगे बोले- अगले दो महीनें में 5 रैली, एक नवंबर को दिल्ली में बड़ी रैली
मालूम हो कि INDIA गठबंधन की बैठक के बाद कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा, “अक्टूबर-नवंबर में पांच बड़ी रैलियां होंगी और इनके लिए जगह और तारीखें जल्द ही तय कर ली जाएंगी. 1 नवंबर को दिल्ली में एक बड़ी रैली आयोजित की जाएगी क्योंकि अब हर कोई मानता है कि राहुल जी और दीदी ‘वोट चोरी’ के बारे में जो कहते थे, वह सही
था.”
खरगे बोले- राष्ट्रपति से मिलकर अपनी चिंता के बारे में बताएंगे
बैठक के बाद कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा, “विपक्ष के नेता अक्टूबर के दूसरे हफ्ते में भारत के राष्ट्रपति से मिलने का समय मांगेंगे. हम उन्हें अपनी चिंताओं और सरकार द्वारा खड़ी की जा रही संवैधानिक बाधाओं के बारे में एक ज्ञापन भी सौंपेंगे. बताएंगे कि कैसे लोगों को परेशान और बर्बाद करके और अपनी मनमानी राय बनाकर वे एक झूठी सरकार—यानी चोरी की सरकार—चला रहे हैं. हम इस बारे में राष्ट्रपति को बताना चाहते हैं. इसमें हम कितने सफल होते हैं, यह बाद में देखा जाएगा.
राहुल गांधी बोले- लोकतंत्र को बर्बाद करने वालों को देंगे सजा
इंडिया गठबंधन की बैठक के बाद कांग्रेस सांसद और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने कहा, “हम सभी नेताओं का यह वादा है कि हम यह निश्चित करेंगे कि जिन लोगों ने भारतीय लोकतंत्र को बर्बाद किया है, उन्हें सजा मिले. इससे कोई फर्क नहीं पड़ता कि वे कितने सीनियर हैं या कौन हैं? भारतीय लोकतंत्र इस देश के हर व्यक्ति से बड़ा है. मैं विपक्ष के सभी नेताओं से कहना चाहता हूं कि वे भारतीय संविधान के सामूहिक रक्षक हैं और हमारे लिए साथ मिलकर काम करना सम्मान की बात है. हमें पूरा भरोसा है कि आने वाले कुछ महीनों में हम देश में बड़े बदलाव लाएंगे.”
अखिलेश यादव का बड़ा बयान ; अखिलेश यादव बोले- यही भाजपा का सबसे बड़ा दुख है, कि कमर कसे INDIA एकजुट है।
बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर सबसे तीखा हमला बोला. ममता बनर्जी ने कहा- बीजेपी ने सभी चुनाव वोट चोरी से जीती. मैं चुनाव आयोग और सुप्रीम तक गई, लेकिन मेरी बात को सुना नहीं गया. अब यह साबित हो चुका है कि ज्ञानेश कुमार चोर है, डाकू है. ममता बनर्जी ने आगे कहा कि ज्ञानेश कुमार को तुरंत इस्तीफा देना चाहिए. अगर ज्ञानेश कुमार को नहीं हटाया गया तो हम सभी विकल्पों पर विचार करेंगे. इस दौरान ममता बनर्जी ने यह भी कहा कि मुझे अपने घर से बाहर नहीं निकलने दिया जा रहा है.ममता बनर्जी ने कहा, “हमारा INDIA गठबंधन एकजुट है. हम पूरी तरह से साथ हैं. आज इतना बड़ा घोटाला हुआ यह एक शर्मनाक मामला है. इसकी वजह से जनता परेशान हो रही है. जब राहुल गांधी और तेजस्वी यादव ने वोट चोरी की बात उठाई थी कि कैसे वोट चुराकर BJP मध्य प्रदेश, हरियाणा और बिहार में जीती और बंगाल में पूरी तरह से लूटपाट की तो आपको पता है कि हम सभी को यहां लाए, चुनाव आयोग गए, सुप्रीम कोर्ट गए, हर दरवाज़ा खटखटाया. लेकिन अब यह बात सबके सामने साफ हो गई है कि ज्ञानेश कुमार एक चोर और डकैत हैं, जिन्होंने वोट चुराए, EVM मशीनों पर कब्ज़ा किया और वोटों की गिनती में धांधली की… इसीलिए उन्हें तुरंत इस्तीफ़ा देना चाहिए…”
‘चुनाव आयोग बीजेपी की कठपुतली, बैलेट पेपर से हो वोटिंग…’ तेजस्वी यादव का सरकार पर बड़ा हमला
बिहार विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष और आरजेडी विधायक तेजस्वी यादव ने चुनाव आयोग और SIR को केंद्र सरकार पर निशाना साधा है. NDTV से बात करते हुए तेजस्वी ने कहा कि लोकतंत्र को बचाने की जरूरत है और चुनाव आयोग भाजपा के इशारों पर काम कर रहा है. उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग भाजपा की कठपुतली की तरह काम कर रहा है.तेजस्वी यादव ने कहा कि सरकार ने ऐसा कानून बनाया है ताकि चुनाव आयुक्तों को बचाया जा सके. वोटर रिकॉर्ड से जुड़ी अवधि एक साल से घटाकर 45 दिन कर दी गई है. चुनाव आयुक्तों की नियुक्ति प्रक्रिया में सरकार ने CJI को हटाकर मंत्री को शामिल कर दिया. SIR की शुरुआत जब बिहार में हुई थी, तब भी हमने इसका विरोध किया था. किसका नाम वोटर लिस्ट से हटाना है और किसका जोड़ना है, यह भाजपा तय करती है, चुनाव आयोग सिर्फ उसे लागू करता है.उन्होंने कहा कि हम अपनी ‘वोट अधिकार यात्रा’ के दौरान भी लगातार कहते रहे कि ‘दाल में कुछ काला है.’ विपक्ष के खिलाफ एक बड़ा षड्यंत्र रचा जा रहा है. अब जब भाजपा को लग रहा है कि यह मामला उजागर हो रहा है, तो वह परिसीमन की बात ला रही है.
बैलेट पेपर से चुनाव कराने की मांग
तेजस्वी यादव ने एक बार फिर EVM पर सवाल उठाते हुए बैलेट पेपर से चुनाव कराने की मांग की. उन्होंने कहा, ‘चुनाव बैलेट पेपर से होने चाहिए. अगर चुनाव बैलेट से होते तो हम 50 हजार वोटों से जीतते.’आरजेडी नेता ने आरोप लगाया कि बिहार में चुनाव के दौरान खुलेआम पैसे बांटे गए, लेकिन चुनाव आयोग ने कार्रवाई नहीं की. उन्होंने कहा, ‘बिहार में चुनाव आयोग कहां था जब मतदान के दिन दस-दस हजार रुपये बांटे जा रहे थे?’जब उनसे केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान द्वारा उठाए गए सवालों के बारे में पूछा गया तो तेजस्वी ने तंज कसते हुए कहा, ‘वो तो हनुमान हैं, उनके बारे में क्या कहें.’ उन्होंने आगे कहा कि अगर उन्हें शर्म आ रही है तो केंद्र और राज्य सरकार से इस्तीफा दे दें. लेकिन सरकार छोड़ देंगे तो न मकान बचेगा और न ही पार्टी.
