एक्टर विजय की पार्टी टीवीके को राज्यपाल की ओर से अब तक सरकार बनाने का न्योता नहीं दिए जाने के बाद तमिलनाडु में सियासी माहौल गरमाने लगा है। गुरुवार को लोकसभा भवन के बाहर टीवीके कार्यकर्ताओं द्वारा विरोध प्रदर्शन के दौरान तनाव का माहौल छा गया। कार्यकर्ताओं ने राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ अर्लेकर से पार्टी प्रमुख विजय को सरकार बनाने की अनुमति देने की मांग की। गवर्नर को कांग्रेस सहित 112 समर्थक विधायकों की सूची सौंपने के बावजूद, राजेंद्र विश्वनाथ अर्लेकर ने अभी तक विजय को सरकार बनाने का निमंत्रण नहीं दिया है। कार्यकर्ताओं ने फैसला किया है कि जब तक शपथ ग्रहण नहीं होता, वे चेन्नई में ही डटे रहेंगे. कार्यकर्ताओं का कहना है कि वे अपने नेता को मुख्यमंत्री बनते देखकर ही यहां से वापस जाएंगे.
एस आर बोम्मई मामले का दिया हवाला
तिरुप्पुर जिले के प्रदर्शनकारी टीवीके कार्यकर्ताओं ने एस आर बोम्मई मामले के फैसले का हवाला देते हुए मीडिया से कहा कि राज्यपाल भवन बहुमत साबित करने का उचित स्थान नहीं है और इस बात पर जोर दिया कि विधानसभा ही बहुमत साबित करने का सही स्थान है। प्रदर्शनकारियों ने यह भी दावा किया कि टीवीके 108 विधायकों के बहुमत से सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी है और संविधान के अनुसार, विजय को सरकार बनाने के लिए बुलाना राज्यपाल का कर्तव्य था।
राज्यपाल पर लगाया आरोप
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि राज्यपाल टीवीके को सरकार बनाने का मौका न देकर भाजपा का पक्ष ले रहे हैं। प्रदर्शनकारियों ने तख्तियां भी दिखाईं और राज्यपाल के खिलाफ नारे लगाए। पुलिस को उनसे निपटने में काफी मशक्कत करनी पड़ी। विजय के आज शपथ ग्रहण न कर पाने पर निराशा व्यक्त करते हुए कार्यकर्ताओं ने कहा कि उन्होंने शपथ ग्रहण समारोह होने तक चेन्नई में ही रहने का फैसला किया है।
टीवीके के पास सरकार बनाने के लिए बहुमत नहीं: राज्यपाल ने विजय से कहा
तमिलनाडु के राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ अर्लेकर ने तमिलगा वेत्री कषगम (टीवीके) के प्रमुख विजय को समझाया कि उनकी पार्टी के पास सरकार बनाने के लिए आवश्यक समर्थन नहीं है। लोक भवन ने गुरुवार को यह जानकारी दी। लोक भवन ने कहा कि राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ अर्लेकर ने टीवीके अध्यक्ष सी. जोसेफ विजय को गुरुवार को लोक भवन आमंत्रित किया। बुधवार के बाद दोनों के बीच यह दूसरी बातचीत थी। लोक भवन ने एक विज्ञप्ति में कहा, बैठक के दौरान माननीय राज्यपाल ने समझाया कि उनके पास तमिलनाडु विधानसभा में सरकार गठित करने के लिए आवश्यक बहुमत अभी तक नहीं है। विजय ने सरकार गठन को लेकर राज्यपाल से 24 घंटे के भीतर दूसरी बार गुरुवार को मुलाकात की। टीवीके ने 23 अप्रैल को हुए चुनावों में 234 सदस्यीय विधानसभा में 108 सीट जीतीं और वह सबसे बड़े दल के रूप में उभरी। हालांकि, पांच विधायकों वाली कांग्रेस ने टीवीके को समर्थन दिया है, लेकिन अभिनेता से नेता बने विजय के नेतृत्व वाली पार्टी 200 से अधिक सदस्यीय सदन में बहुमत के 118 के आंकड़े से अब भी कुछ सीट दूर है।
विरोध प्रदर्शन के मुख्य कारण और विवरण इस प्रकार हैं:
सरकार बनाने में देरी: प्रदर्शनकारी टीवीके (TVK) प्रमुख और अभिनेता विजय को सरकार बनाने का न्योता देने में राज्यपाल द्वारा की जा रही देरी का विरोध कर रहे थे।
बहुमत का दावा: टीवीके (TVK) ने कांग्रेस और अन्य समर्थन के साथ 112 विधायकों के समर्थन का दावा किया है, लेकिन राज्यपाल ने सरकार बनाने के लिए 118 के जादुई आंकड़े (बहुमत) की शर्त रखी है।
बढ़ता तनाव: कार्यकर्ताओं ने राज्यपाल पर भाजपा के प्रति पक्षपात का आरोप लगाया है।
राजनीतिक हलचल: विजय ने सरकार बनाने का दावा पेश करने के लिए राज्यपाल से मुलाकात की थी, लेकिन अभी तक अंतिम निमंत्रण नहीं मिला है।
