NEW DELHI, INDIA - JULY 22: Leader of Opposition (Lok Sabha) Rahul Gandhi address a preas conference on the issue of neet exam leak at Indira Bhawan, at AICC HQ on July 22, 2026 in New Delhi, India. (Photo by Sonu Mehta/Hindustan Times/Sipa USA)
दिल्ली: लोकसभा में नेता विपक्ष राहुल गांधी ने दिल्ली के इंदिरा भवन में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर सरकार पर तीखा हमला बोला है. उन्होंने एंटी पेपर लीक बिल पास होने के दौरान संसद में बोलने का मौका नहीं दिए जाने पर कड़ा ऐतराज जताया. राहुल ने साफ कहा कि लोकसभा अध्यक्ष से बार-बार अपील के बाद भी उन्हें बोलने नहीं दिया गया. राजनाथ सिंह और किरेन रिजिजू जैसे नेताओं को अपनी बात रखने का मौका मिला. राहुल ने आरोप लगाया कि उन पर अमित शाह से माफी मांगने का दबाव बनाया गया. राहुल गांधी ने कहा, ‘मैं बीजेपी या आरएसएस से कभी माफी नहीं मांगूंगा’. राहुल ने दिल्ली की सड़कों पर छात्रों के साथ हुई बर्बरता को देश का सबसे अहम मुद्दा बताया. उन्होंने गृह मंत्री अमित शाह पर पुलिस को सीधे निर्देश देने का गंभीर आरोप भी लगाया.
कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने पीएम मोदी से गृह मंत्री अमित शाह को तुरंत बर्खास्त करने की मांग की है. राहुल ने कहा कि छात्रों पर हुए लाठीचार्ज की जिम्मेदारी सीधे अमित शाह की है. दिल्ली पुलिस और सीआरपीएफ जैसी एजेंसियां गृह मंत्रालय को रिपोर्ट करती हैं. राहुल ने इस मामले की जांच सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में कराने की मांग की है. उन्होंने कहा कि एक इंडिपेंडेंट कमिटी को पुलिस की ज्यादती की जांच करनी चाहिए. राहुल ने दावा किया कि अमित शाह अपनी गलती जानते हैं. इसी वजह से वह लोकसभा में आने की हिम्मत नहीं जुटा पा रहे हैं. राहुल गांधी ने साफ किया कि छात्रों को हर हाल में न्याय मिलेगा. कांग्रेस पार्टी इस मुश्किल वक्त में छात्रों के साथ मजबूती से खड़ी है.
अमित शाह को 25 जुलाई को लिखे लेटर का क्या जवाब आया?
राहुल गांधी ने 25 जुलाई को अमित शाह को एक लेटर लिखा था. इस लेटर में उन्होंने गृह मंत्री से दो अहम सवाल पूछे थे. राहुल ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि उनके लेटर का कोई जवाब नहीं आया है. जवाब देना तो दूर, गृह मंत्रालय ने लेटर मिलने की जानकारी तक नहीं दी. राहुल ने कहा कि दिल्ली पुलिस और आरएएफ सीधे अमित शाह के कंट्रोल में हैं. इसलिए छात्रों पर हुए एक्शन के लिए वही जिम्मेदार हैं. राहुल ने कहा, ‘छात्रों को आज नहीं तो कल इंसाफ जरूर मिलेगा’.राहुल गांधी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में अमित शाह पर छात्रों पर लाठीचार्ज कराने का आरोप लगाया. उन्होंने दावा किया कि दिल्ली की सड़कों पर छात्रों को बुरी तरह पीटा गया. राहुल ने कहा, ‘मैने संसद में अमित शाह को पुलिस अफसर को खुद कॉल करते देखा’. उन्होंने साफ किया कि पैलेट गन चलाने वाले हरियाणा या यूपी पुलिस के जवान नहीं थे. पैरामिलिट्री और दिल्ली पुलिस सीधे अमित शाह के अंडर आती है. उन्होंने कहा कि छात्रों पर ज्यादती के लिए सीधे तौर पर गृह मंत्री जिम्मेदार हैं.
राहुल गांधी बोले- मेरे पास दोषी पुलिस वालों की तस्वीरें हैं
छात्रों पर हुए पुलिस एक्शन को लेकर राहुल गांधी ने गृह मंत्री को एक चिट्ठी भी लिखी थी. राहुल ने बताया कि अमित शाह ने इस चिट्ठी का कोई जवाब नहीं दिया. राहुल ने कहा, ‘मैने चिट्ठी लिखी अमित शाह को उसका जवाब तो छोड़िए पत्र मिला इसका भी कोई उत्तर नहीं आया’. नेता विपक्ष होने के नाते यह उनका हक है कि वह देश के जरूरी मुद्दे उठाएं. लेकिन सरकार उनकी आवाज दबाने की पूरी कोशिश कर रही है.कांग्रेस नेता ने छात्रों पर हुए लाठीचार्ज और ज्यादती पर कड़ा रुख अपनाया है. उन्होंने पुलिस अधिकारियों को खुली चेतावनी दी है. राहुल ने कहा, ‘हमारे पास छात्र को मारने वाले पुलिस वालों की सबकी तस्वीरें है’. उन्होंने गारंटी दी है कि छात्रों के साथ क्रूरता करने वाले इन अधिकारियों के खिलाफ सख्त एक्शन लिया जाएगा. कांग्रेस पार्टी छात्रों के हक की लड़ाई सड़क से लेकर संसद तक लड़ती रहेगी.
मानसून सत्र के दौरान बुधवार को लोकसभा से एंटी पेपर लीक संशोधन बिल 2026 पास हो गया है. उससे पहले, केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने विपक्ष के नेता राहुल गांधी पर तीखा हमला बोला. उन्होंने कहा कि विपक्ष इस गंभीर मुद्दे पर राजनीति कर रहा है. जितेंद्र सिंह ने राहुल गांधी की भाषा और उनके रवैये पर भी सवाल उठाए हैं.बीजेपी सांसद संबित पात्रा ने कहा, ‘संसद के अंदर इडियट जैसे असंसदीय शब्दों का इस्तेमाल बिल्कुल बर्दाश्त नहीं किया जाएगा’. उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि राहुल गांधी खुद को भी इडियट नहीं कह सकते हैं. पात्रा ने गृह मंत्री अमित शाह के काफिले को लेकर किए गए राहुल के दावे को भी सिरे से खारिज कर दिया. उन्होंने चुनौती देते हुए कहा कि राहुल गांधी खुद आकर गाड़ियों की गिनती कर लें. पात्रा ने राहुल के संसद में माइक बंद होने वाले दावे का भी जमकर मजाक उड़ाया. उन्होंने कहा कि राहुल गांधी हमेशा अपनी जेब में विक्टिम कार्ड लेकर चलते हैं और झूठी सहानुभूति बटोरने की कोशिश करते हैं.
संबित पात्रा ने राहुल गांधी को याद दिलाया इतिहास
संबित पात्रा ने राहुल गांधी के उस दावे को पूरी तरह झूठा बताया जिसमें उन्होंने अमित शाह के काफिले में 30 गाड़ियां होने की बात कही थी. पात्रा ने राहुल को खुली चुनौती दी कि वह खुद आकर दिखाएं कि 30 गाड़ियां कहां थीं. पात्रा ने कहा, ‘जो व्यक्ति संसद में पांच मिनट शांति से नहीं बैठ सकता, वह बाहर खड़े होकर गाड़ियां कैसे गिन सकता है’. पात्रा ने साफ किया कि राहुल गांधी सिर्फ हवा-हवाई बातें करते हैं और सच्चाई से उनका कोई लेना-देना नहीं है.संसद में राहुल गांधी ने आरोप लगाया था कि बोलते समय उनका माइक बंद कर दिया जाता है. संबित पात्रा ने इस दावे की भी पोल खोल दी. पात्रा ने बताया कि जब राहुल गांधी यह आरोप लगा रहे थे तब उनके माइक की रेड लाइट ऑन थी. रेड लाइट ऑन होने का सीधा मतलब है कि माइक पूरी तरह काम कर रहा था. पात्रा ने सवाल उठाया कि फिर माइक कैसे बंद हो सकता है. पात्रा ने कहा कि राहुल गांधी की आदत हमेशा अपनी जेब में विक्टिम कार्ड रखने की हो गई है. संबित पात्रा ने सिर्फ मौजूदा विवादों पर ही नहीं बल्कि कांग्रेस के पुराने इतिहास पर भी करारा प्रहार किया. उन्होंने याद दिलाया कि कैसे कांग्रेस के समय जम्मू-कश्मीर और असम में लोगों पर गोलियां चलाई गई थीं. पात्रा ने ऑल असम स्टूडेंट्स यूनियन के 800 से ज्यादा छात्रों की हत्या का मुद्दा भी उठाया. उन्होंने कहा कि कांग्रेस हमेशा से नियमों को ताक पर रखकर काम करती आई है. संसद में बार-बार चेतावनी के बाद भी उनके नेता असंसदीय भाषा का इस्तेमाल करने से बाज नहीं आ रहे हैं.
जितेंद्र सिंह ने राहुल गांधी पर क्या आरोप लगाएकेंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने कहा कि राहुल गांधी ने युवाओं को ‘मूर्ख’ कहा है. देश के भविष्य के लिए यह बात बेहद निराशाजनक है. उन्होंने 21 जुलाई की घटना का भी जिक्र किया. जितेंद्र सिंह ने कहा कि राहुल गांधी प्रधानमंत्री आवास के बाहर जाकर बैठ गए थे. विपक्ष सदन में गलत जानकारी दे रहा है. वहां कोई गोली नहीं चली थी बल्कि सिर्फ आंसू गैस का इस्तेमाल हुआ था.
