चंडीगढ़: सत्ताधारी आम आदमी पार्टी (AAP) ने शनिवार को आगामी 2027 पंजाब विधानसभा चुनाव के लिए 40 उम्मीदवारों की अपनी पहली सूची जारी कर चुनावी बिगुल फूंक दिया है. इस सूची में सभी मौजूदा विधायक को जगह दी है. पार्टी हाई कमान ने अधिक मुकाबले वाली या संवेदनशील सीटों पर कठिन फैसले लेना अभी टाल दिया है.
फरवरी 2027 में होने वाले संभावित चुनावों से कई महीने पहले अपनी सूची की घोषणा करके, आम आदमी पार्टी पंजाब में उम्मीदवारों के नाम घोषित करने वाली सबसे पहली राजनीतिक पार्टी बन गई है. पहली सूची में कौन-कौन प्रमुख चेहरे हैं, उसके बारे में विस्तार से जानते हैं.
मुख्यमंत्री और विधानसभा अध्यक्ष अपनी मजबूत सीटों से दोबारा मैदान में
मुख्यमंत्री भगवंत मान इस सूची का मुख्य चेहरा हैं और वह संगरूर जिले में अपने पारंपरिक गढ़ धुरी से फिर से चुनाव लड़ेंगे. मान ने पहले ही संकेत दे दिए थे कि यह शुरुआती सूची तय हो चुकी है, और उन्होंने चुने गए उम्मीदवारों को समय से पहले बधाई भी दे दी थी.
कुलतार सिंह संधवां (कोटकपूरा): वर्तमान में पंजाब विधानसभा के अध्यक्ष हैं. उन्होंने 2017 और 2022 चुनावों में कोटकपूरा सीट पर सफलतापूर्वक जीत दर्ज की थी.
संजीव अरोड़ा (लुधियाना वेस्ट): वे एक उद्योगपति से राजनेता बने हैं जिन्होंने लुधियाना वेस्ट से 2025 का उपचुनाव जीतने और विधायक बनने से पहले राज्यसभा सदस्य के रूप में कार्य किया था. मई 2026 में, उन्हें प्रवर्तन निदेशालय (ED) द्वारा उनकी पूर्व रियल एस्टेट फर्म, हैम्पटन स्काई रियल्टी लिमिटेड से जुड़े कथित ₹100 करोड़ के मनी लॉन्ड्रिंग और फर्जी जीएसटी बिलिंग मामले में धन शोधन निवारण अधिनियम (PMLA) के तहत गिरफ्तार किया गया था.
उनकी गिरफ्तारी के बाद, मुख्यमंत्री भगवंत मान ने अरोड़ा से उनके विभाग (उद्योग और बिजली सहित) वापस ले लिए और उन्हें अन्य मंत्रियों को सौंप दिया, हालांकि तकनीकी रूप से वे बिना विभाग के कैबिनेट मंत्री बने हुए हैं.
कुलदीप सिंह धालीवाल (अजनाला): वर्तमान में आम आदमी पार्टी पंजाब के मुख्य प्रवक्ता हैं. अजनाला के मौजूदा विधायक के रूप में नई उम्मीदवार सूची में उनका स्थान बेहद सुरक्षित है, जहां पार्टी महत्वपूर्ण माझा कृषि क्षेत्र के भीतर उनके मजबूत जमीनी नेटवर्क पर भरोसा करना जारी रखे हुए है.
डॉ. इंदरबीर सिंह निज्जर (अमृतसर साउथ): पेशे से रेडियोलॉजिस्ट, एक प्रमुख विधायक हैं जिन्होंने भगवंत मान सरकार के शुरुआती महीनों में कुछ समय के लिए स्थानीय निकाय मंत्री के रूप में कार्य किया था. मौजूदा विधायक के रूप में अपनी वर्तमान भूमिका के अलावा, वे अमृतसर के सामाजिक हलकों में बेहद सम्मानित हैं. इससे पहले वे प्रभावशाली सिख सामाजिक-धार्मिक संगठन, ‘चीफ खालसा दीवान’ के प्रमुख रह चुके हैं.
अमनशेर सिंह “शेरी” कलसी (बटाला): वर्तमान में पंजाब के लिए आम आदमी पार्टी (AAP) के राज्य कार्यकारी अध्यक्ष का महत्वपूर्ण संगठनात्मक पद संभाल रहे हैं. उम्मीदवारों की सूची में वे बटाला के मौजूदा विधायक के रूप में एक हाई-प्रोफाइल स्थान रखते हैं. उन्होंने 2022 में कांग्रेस और अकाली दल दोनों के अनुभवी पारंपरिक राजनेताओं को हराकर इस सीट पर जीत हासिल की थी.
कई मौजूदा विधायकों को अभी फैसले का इंतजार
इस घोषणा से पहले, तेज राजनीतिक कयासों में यह सुझाव दिया गया था कि स्थानीय स्तर पर नाराजगी के कारण 30 से 40 मौजूदा विधायकों के टिकट काटे जा सकते हैं. मुख्यमंत्री मान ने पहले ही चेतावनी दी थी कि किसी भी विधायक को टिकट की गारंटी नहीं है. मतदाताओं से मिलने वाली प्रतिक्रिया पर ही अंतिम फैसला लिया जाएगा.
आम आदमी पार्टी ने 40 सुरक्षित मौजूदा सीटों को पक्का कर लिया है, लेकिन कई हाई-प्रोफाइल दिग्गज और वरिष्ठ कैबिनेट मंत्री इस शुरुआती टिकट सूची से साफ तौर पर गायब हैं. पार्टी के पास वर्तमान में 117 सदस्यीय विधानसभा में 94 सीटें हैं, इसलिए 50 से अधिक मौजूदा विधायकों को अभी भी हरी झंडी मिलने का इंतजार है.
पहली सूची से बाहर रहने वाले सबसे प्रमुख दिग्गजों में शामिल नेताओं के नाम :
- हरपाल सिंह चीमा (दिड़बा): पंजाब के हाई-प्रोफाइल वित्त मंत्री और एक प्रमुख दूसरी बार के विधायक, जो राज्य नेतृत्व के एक मुख्य स्तंभ के रूप में काम करते हैं.
- अमन अरोड़ा (सुनाम): पंजाब आम आदमी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष और नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्री, जिन्होंने 2022 के चुनावों में राज्य में सबसे बड़ी जीत का अंतर हासिल किया था.
- हरजोत सिंह बैंस (आनंदपुर साहिब): मुखर शिक्षा मंत्री और पार्टी के विधायी विंग के एक प्रमुख युवा चेहरा.
- डॉ. बलजीत कौर (मलोट): सामाजिक सुरक्षा, महिला एवं बाल विकास मंत्री.
- प्रिंसिपल बुध राम (बुढलाडा): एक वरिष्ठ दूसरी बार के विधायक जो पार्टी के राज्य कार्यकारी अध्यक्ष के रूप में भी काम कर चुके हैं.
अनुभव और हाल के उपचुनाव विजेताओं का रणनीतिक तालमेल
इस सूची में चार ऐसे विधायक शामिल हैं जो दूसरी बार चुने गए हैं और जिन्होंने 2017 और 2022 दोनों चुनावी चक्रों में अपनी सीटों को सफलतापूर्वक बचाया था. इनके नाम- कुलतार सिंह संधवां, जय कृष्ण सिंह रौड़ी, मनजीत सिंह बिलासपुर और बलजिंदर कौर हैं.
चूंकि आम आदमी पार्टी के मौजूदा विधायकों में से अधिकांश पहली बार चुनकर आए हैं, इसलिए बाकी की सूची में स्वाभाविक रूप से पहली बार के विधायकों की संख्या सबसे ज़्यादा है.
इस सूची में हाल के उपचुनाव विजेताओं को भी मैदान में उतारा गया है, जैसे चब्बेवाल से इशांक कुमार चब्बेवाल और पूर्व अकाली दल नेता हरमीत सिंह संधू, जिन्होंने नवंबर 2025 में आम आदमी पार्टी के बैनर तले तरनतारन उपचुनाव जीता था. इसके अतिरिक्त, चार महिला नेताओं को भी इस सूची में प्रमुखता से शामिल किया गया है.
पंजाब की 117 विधानसभा सीटों पर 2027 में चुनाव होने हैं. AAP सरकार बिजली, शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क और सिंचाई के क्षेत्र में किए गए कामों को चुनावी मुद्दा बनाने की तैयारी में है. मुख्यमंत्री मान ने कहा है कि उम्मीदवारों का चयन जनता के फीडबैक और प्रदर्शन के आधार पर होगा. दूसरी ओर, शिरोमणि अकाली दल और बीजेपी के संभावित गठबंधन को लेकर भी राज्य की राजनीति में चर्चा है. ऐसे माहौल में AAP की पहली सूची चुनावी मुकाबले की शुरुआती तस्वीर पेश करती है.
