दिल्ली के पूर्व CM और आम आदमी पार्टी (AAP) संयोजक अरविंद केजरीवाल ने मंगलवार को E20 फ्यूल के खिलाफ प्रधानमंत्री आवास तक मार्च निकला। हालांकि, दिल्ली पुलिस ने केजरीवाल, मनीष सिसोदिया, जैस्मिन शाह समेत पार्टी के अन्य नेताओं को फिरोजशाह रोड पर ही रोक दिया।इसके बाद केजरीवाल सहित अन्य AAP नेता फिरोजशाह रोड पर ही बीच सड़क पर धरने पर बैठ गए। AAP ने करीब 100 नेताओं और कार्यकर्ताओं के साथ यह मार्च निकाला था। पार्टी का दावा है कि उसने देशभर से 2.30 लाख से ज्यादा लोगों की याचिकाएं जुटाई हैं।मार्च के दौरान केजरीवाल ने कहा कि E20 के खिलाफ 2 लाख से ज्यादा लोगों ने प्रधानमंत्री को चिट्ठियां लिखी हैं, जिन्हें वे खुद प्रधानमंत्री को सौंपना चाहते थे लेकिन हमें पुलिस ने रोक दिया। हमने सभी चिट्ठियां पुलिस के हाथों मोदी जी को भेज दी हैं। केजरीवाल ने बताया कि उन्होंने प्रधानमंत्री को मैसेज भेजा था। उन्होंने कहा- हमें उम्मीद है कि पीएम हमसे मिलेंगे।

केजरीवाल बोले- E20 रोकने के लिए NEET से बड़ा आंदोलन करना होगा
E20 के विरोध में धरने के दौरान अरविंद केजरीवाल ने आरोप लगाया कि ट्रम्प के दबाव में मोदी सरकार अमेरिका से एथनॉल खरीद रही है। अमेरिका दुनिया में सबसे ज्यादा एथनॉल बनाता है और उसने भारत पर इसे खरीदने का दबाव बनाया।केजरीवाल ने कहा- अमेरिका का कचरा खरीदकर हमारी 30 लाख गाड़ियों पर थोपा जा रहा है। इसे रोकने के लिए हमें NEET आंदोलन से भी बड़ा आंदोलन करना होगा। उन्होंने लोगों से इस अभियान में शामिल होने की अपील करते हुए कहा कि E20 नीति के खिलाफ उनकी लड़ाई जारी रहेगी।केजरीवाल ने बताया कि उन्होंने पिछले महीने प्रधानमंत्री को लेटर लिखा था। जिसमें E20 पेट्रोल से जुड़ी चिंताओं पर चर्चा के लिए समय मांगा था।केजरीवाल का दावा है कि उन्हें इस चिट्ठी का कोई जवाब नहीं मिला। इसलिए अब वे खुद पीएम आवास जाकर जनता की साइन की हुई याचिकाएं सौंपना चाहते थे।आम आदमी पार्टी संयोजन ने यह मांग भी रखी है कि पेट्रोल पंपों पर शुद्ध पेट्रोल और E20 दोनों के ऑप्शन मिलने चाहिए। E20 पेट्रोल की कीमतों में कटौती की जाए।
इथेनॉल खरीदना बंद करना चाहिए: अरविंद केजरीवाल
अरविंद केजरीवाल ने कहा ‘मैं कहना चाहता हूं कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को अमेरिकी प्रेसिडेंट ट्रंप के दबाव में नहीं आना चाहिए. उन्हें अमेरिका से इथेनॉल खरीदना बंद करना चाहिए और हमारे देश पर E20 थोपना बंद करना चाहिए. मुझे उम्मीद है कि प्रधानमंत्री हमें फोन करेंगे. हमने प्रधानमंत्री को मैसेज भेजा है कि हम उनसे मिलना चाहते हैं. संघर्ष जारी रहेगा.’अरविंद केजरीवाल के मार्च को लेकर दिल्ली पुलिस ने प्रधानमंत्री आवास की तरफ जाने वाले रास्तों पर भारी बैरिकेडिंग कर दी थी. वहीं इस दौरान अरविंद केजरीवाल अपने नेताओं के साथ यहां धरने पर भी बैठ गए थे. दिल्ली पुलिस का कहना है कि इस मार्च के लिए अनुमति नहीं ली गई थी.
दिल्ली पुलिस ने रोका
बता दें कि संसद सत्र जारी होने के कारण नई दिल्ली इलाके में धारा 163-पुरानी धारा 144 लागू है. जिसके तहत किसी भी अनधिकृत विरोध प्रदर्शन पर पूरी तरह रोक है. ऐसे में दिल्ली पुलिस ने आप के नेताओं को यहां रोक दिया.
दिल्ली के ट्रांसपोर्ट संगठनों ने भी किया प्रदर्शन
दिल्ली के ट्रांसपोर्ट संगठनों ने भी मंगलवार को राजघाट पर विरोध प्रदर्शन किया और इथेनॉल-मिश्रित पेट्रोल को वापस लेने की मांग की है. इससे पहले दिल्ली टैक्सी एंड टूरिस्ट ट्रांसपोर्टर्स एंड टूर ऑपरेटर्स एसोसिएशन और अन्य संगठनों ने संसद तक विरोध मार्च निकालने का आह्वान किया था. उनके अध्यक्ष संजय सम्राट ने कहा ‘लेकिन दिल्ली पुलिस से अनुमति न मिलने के कारण हमने राजघाट जाकर महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि देने का फैसला किया.’ बता दें कि E20 इथेनॉल-ब्लेंडिंग पॉलिसी काफी विवादों में रही है.
