रोहतक: महर्षि दयानंद यूनिवर्सिटी ( एमडीयू ) में वीसी प्रो. राजबीर सिंह और रजिस्ट्रार डा. कृष्णकांत में ईसी (कार्यकारी परिषद ) की मीटिंग को लेकर टकराव के बीच राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के उत्तर क्षेत्रीय प्रमुख रहे सीताराम व्यास चर्चा में आ गए हैं। जनवरी माह में हुई नियुक्ति प्रक्रिया के दौरान सीताराम व्यास की पुत्री डॉ. पूजा व्यास का एमडीयू के इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट स्टडीज और रिसर्च में बतौर प्रोफेसर चयन हुआ है। अब ईसी की मीटिंग में व्यास की पुत्री समेत कुछ अन्य शिक्षकों की नियुक्ति पर मुहर लगनी थी। लेकिन यूनिवर्सिटी के चांसलर और गवर्नर प्रो. अशीष कुमार घोष के दखल के बाद ईसी की मीटिंग पर रोक लग गई है। इसी के साथ यूनिवर्सिटी परिसर में यह चर्चा चल पड़ी है कि आखिरकार वीसी प्रो. राजबीर सिंह क्या ईसी की मीटिंग सिर्फ व्यास की पुत्री समेत कुछ अन्य शिक्षकों की नियुक्तियों पर मोहर लगाने के लिए बुलाना चाह रहे थे, जबकि वीसी का कार्यकाल 20 फरवरी को खत्म हो रहा है।दरअसल महर्षि दयानंद यूनिवर्सिटी के कई विभागों में प्रोफेसर और एसोसिएट प्रोफेसर की नियुक्ति के लिए 2 जनवरी से 12 जनवरी तक नई दिल्ली के चायक्यपुरी स्थित हरियाणा स्टेट गेस्ट हाउस के कांफ्रेंस रूम में इंटरव्यू हुए थे। सबसे ज्यादा चर्चा इमसार में प्रोफेसर पद पर डा. पूजा व्यास के चयन की हुई। वे आरएएस के उत्तर क्षेत्रीय प्रभारी रहे सीताराम व्यास की पुत्री हैं।
सीताराम व्यास की गिनती आरएसएस के बड़े नेताओं में होती है। इमसार में प्रोफेसर पद पर चयन के लिए 2 जनवरी को इंटरव्यू के लिए उम्मीदवार को बुलाया गया। हालांकि विभाग में एसोसिएट प्रोफेसर के एक पद के लिए 10 उम्मीदवार आए थे लेकिन चयन डा. ईश्वर मित्तल का हुआ। ईश्वर मित्तल ने प्रोफेसर पद के लिए भी इंटरव्यू दिया था। अब इसी चयन प्रक्रिया पर ईसी की मीटिंग में अंतिम मोहर लगनी थी। गौरतलब है कि एमडीयू के वीसी प्रो. राजबीर सिंह ने ईसी की मीटिंग को लेकर मंगलवार रात 11 बजे रजिस्ट्रार डा. कृष्णकांत को सस्पेंड करने के आदेश जारी कर दिए थे। लेकिन बुधवार को एमडीयू के चांसलर और हरियाणा के गवर्नर प्रो. अशीष कुमार घोष ने रजिस्ट्रार को बहाल कर दिया और वीसी के आदेश पर रोक लगा दी। इसी के साथ ईसी की मीटिंग पर भी रोक लगाने के आदेश जारी कर दिए। हायर एजुकेशन डिपार्टमेंट एडिशनल चीफ सेक्रेट्री ने भी 18 फरवरी की ईसी की मीटिंग न करने के निर्देश दिए थे। इसके बावजूद वीसी ने मीटिंग बुला ली थी।
यूनिवर्सिटी ने ऑफिशियल प्रेस नोट के जरिए दिया अपना पक्ष
महर्षि दयानंद यूनिवर्सिटी ने गवर्नर का आदेश आने के बाद ईसी की मीटिंग के स्थगित करने के संबंध में ऑफिशियल प्रेस नोट के जरिए अपना पक्ष दिया। यूनिवर्सिटी के जनसंपर्क निदेशक प्रो. आशीष दहिया के मुताबिक वीसी प्रो. राजबीर सिंह की अध्यक्षता में ईसी की मीटिंग प्रारंभ हो चुकी थी लेकिन किसी भी एजेंडा बिंदु पर विचार-विमर्श आरंभ होने से पूर्व ही स्थगित करने संबंधी संदेश प्राप्त हो गया था। चांसलर से प्राप्त निर्देशों का पूर्ण सम्मान करते हुए यह निर्णय लिया गया कि मीटिंग में कोई भी एजेंडा बिंदु नहीं लिया जाएगा। तदनुसार, ईसी की मीटिंग को स्थगित घोषित किया गया।
